
इसी क्रम में यातायात शिक्षा के माध्यम से यातायात नियमों को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए जिला के धमतरी, कुरूद एवं नगरी अनुविभाग के 18 से 40 वर्ष के कोटवारों को कानून व्यवस्था के सहयोग हेतु रक्षित केन्द्र धमतरी में आयोजित प्रशिक्षण के चौथे दिवस यातायात जन-जागरूकता के तहत कोटवारों को कम्पोजिट बिल्डिंग में मास्टर ट्रेनर सउनि सुरेश नेताम, आर. गणपत डिंडोलकर, संदीप यादव के द्वारा यातायात नियमों का प्रशिक्षण दिया गया जिसमें ट्रैफिक लाईट, रोड मार्किंग, बाजार, मेला, मड़ई में यातायात व्यवस्था के संबंध में जानकारी दी गई, साथ ही शपथ दिलाया गया कि, “मैं दोपहिया वाहन में चलने के दौरान हेलमेट का प्रयोग करूंगा, बिना ड्रायविंग लायसेंस के वाहन नही चलाउंगा, दोपहिया में तीन सवारी नही चलुंगा, शराब सेवन कर वाहन नही चलाउंगा, वाहन चालन के दौरान मोबाईल या हेडफोन का प्रयोग नही करूंगा, ओवरस्पीड, रांग साईड वाहन नही चलाउंगा, नाबालिक बच्चों को वाहन चलाने नही दुगां, चारपहिया में सफर के दौरान सीटबेल्ट का प्रयोग करूंगा शपथ लेकर गांव के लोगो, नातेदारों को भी यातायात नियमों के बारे में जानकारी देकर पालन करने बताउंगा। प्रशिक्षण के दौरान सड़क दुर्घटना की सूचना देने सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने एवं मौके पर ही प्राथमिक उपचार करने के संबंध में जानकारी देकर सड़क सुरक्षा मितान बनाया गया।
प्रशिक्षण उपरांत सभी प्रशिक्षण प्राप्त कोटवारों को शहर के चौक-चौराहों में यातायात नियमों का वाहन चालकों को पालन कराने हेतु तैनात कर यातायात संचालित कराया गया, साथ ही वाहन चालकों को स्टाप लाइन में रोकने, लेफ्ट टर्न फ्री रखने, रांग साईड वाहन नही चलाने के संबंध में प्रशिक्षित कोटवारों द्वारा बताया गया।यातायात पुलिस ने वाहन चालको से अपील करते हुए कहा कि शराब सेवन कर, मोडिफाईड सायलेंसर लगाकर बिना हेलमेट, मोबाईल का प्रयोग करते हुए, तीन सवारी, बिना नम्बर, रांग साईड वाहन न चलायें।यातायात नियमों का पालन कर सुरक्षित रहें।
