
उक्त मे शुक्रवार देर शाम को राधेश्याम पाठक 60 वर्ष घर के बाहर टहल रहे थे। उसी दौरान कुछ लोग आपस मे चुनावी बहस कर रहे थे, जिसमे उन्होंने ने विरोध जताया तो उक्त लोगो गाली गुप्ता देने के साथ मारपीट पर उतारू हो गए। उनसे बचने के लिए राधेश्याम अपने घर चले गए तो उक्त सभी ललकारते हुए लाठी डंडा व लोहे के राड लेकर उनके घर मे घुसकर उन्हें मारने पीटने लगे, अपने पिता को बचाने पहुंचे अखिलेश को भी उक्त हमलावरों ने मारपीटकर घायल कर दिया। शोर सुन लोगो को भीड़ एकठा होता देखकर हमलावर मौके से भाग निकले। घायलो को एम्बुलेंस से इलाज के लिए सीएचसी नेबुआ नौरंगिया ले जाया गया जहां हालत गंभीर देखतें हुई जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया वहा से भी मेडिकल कालेज गोरखपुर के लिए रेफर कर दिया, जहां इलाज के दौरान शनिवार सुबह 5 बजे राधेश्याम की मौत हो गई। जिसके बाद परिवार के लोग शव को लेकर गांव के लोगो के साथ थाने के गेट पर पहुंच गए और पिपरा बलकुडिया मार्ग को जाम कर दिया तथा आरोपितो के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी की मांग करने लगे। प्रभारी निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह अपने पुलिस बल के साथ परिजनों को काफी समझाने बुझाने व उनकी मांगो को पुरा करने का आश्वासन देकर सड़क जाम समाप्त कराया। पुलिस चार लोगो के खिलाफ हत्या का प्रयास व हत्या सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजवाते हुए अग्रिम कार्यवाई में जुटी हुई है।
इस सम्बंध में थानाध्यक्ष हर्षवर्धन सिंह ने बताया कि मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु पुलिस लगातार प्रयासरत है अतिशीघ्र उन्ही गिरफ्तारी कर ली जाएगी।
