
श्रवण साहू, धमतरी। शासन द्वारा विभागों एवं कार्यालयों में सार्वजनिक रूप से नागरिकों में जागरूकता एवं पारदर्शिता लाने के लिए कई कानून लागू किया गया है। इनमें से एक प्रमुख कानून है सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 जिससे कोई भी आम नागरिक किसी भी तरह की जानकारी सरकारी दफ्तरों से प्राप्त कर सकता है, परंतु अधिकारियों द्वारा नियमों की अवेहलना करने से अभी भी बाज नहीं आ रहे हैं।
ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है जो जनपद पंचायत कुरुद का है। जिसमे सामाजिक कार्यकर्ता परमानंद कुर्रे ग्राम खपरी बंगोली द्वारा दिनांक 27- 4 -2021 व 19-4-2021 को जनसूचना अधिकारी व मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत कुरूद से सूचना के अधिकार के तहत अलग -अलग आवेदन से ग्राम पंचायत चोरभट्टी के पदस्थ रोजगार सहायक उत्तम कुमार पटेल के नियुक्ति संबंधी एवं मोंगरा में रोजगार सहायक मे पदस्थ श्रीमती महेश्वरी पति आत्माराम ध्रुव के नियुक्ति संबंध में जानकारी मांगा गया था परंतु जन सूचना अधिकारी जनपद पंचायत कुरूद द्वारा दोनों की नियुक्ति के संबंध में कोई भी जानकारी नहीं प्रदान किया गया।
तत्कालीन सीईओ ने आयोग को नियुक्ति संबंधी दस्तावेज कार्यालय में उपलब्ध नहीं होने की जानकारी दिया:
इसके बाद प्रथम अपील अधिकारी जिला पंचायत धमतरी में प्रथम अपील आवेदन प्रस्तुत किया गया। चाही गई जानकारी प्राप्त नहीं होने पर परमानन्द कुर्रे द्वारा राज्य सूचना आयोग में द्वितीय अपील किया गया जिसमें मुख्य कार्यपालन अधिकारी एस.एन. वर्मा द्वारा राज्य सूचना आयोग को शपथ पत्र में कार्यालय में दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने की जानकारी दिया। राज्य सूचना आयोग द्वारा तत्कालीन मुख्य कार्यपालन अधिकारी एस.एन. वर्मा जनपद पंचायत कुरूद एवं वर्तमान पदस्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत गरियाबंद को राज्य सूचना आयोग द्वारा शपथ पत्र में दस्तावेज कार्यालय में उपलब्ध नहीं है, यह स्पष्ट नहीं हुआ।
वेतन से कटौती कर शासन के कोष में चालान के माध्यम से जमा करना होगा राशि :
सूचना के अधिकार अधिनियम 2005 की अज्ञानता व अवेहलना करने पर दोनो आवेदन मे अलग -अलग 25-25 हजार जुर्माना लगाकर उनके वेतन से कटौती कर शासन के कोष में चालान के माध्यम से जमा करने एवं चालान की प्रति आयोग को प्रेषित करने हेतु मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत धमतरी एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत गरियाबंद को आदेश का पालन करने हेतु राज्य सूचना आयोग द्वारा पत्र जारी किया गया है।








